
हरिद्वार जिले के रुड़की में पुलिस ने जाली नोट बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। इसी के साथ पुलिस ने मौके से जाली नोट बनाने वाले तीन सदस्यों को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम ने 6 लाख के जाली नोट और उपकरण भी बरामद किए हैं. फिलहाल पुलिस आरोपियों के अन्य साथियों की तलाश में जुट गई है।
एसएसपी हरिद्वार प्रमेन्द्र डोबाल के अनुसार कैसिनों प्रकरण के बाद अब रुड़की पुलिस ने जाली नोट मामले में बड़ा खुलासा किया है। दरअसल, पुलिस ने बाजार में चलन में आने से पहले ही जाली नोट पकड़कर नकली नोट बना रहे कथित गैंग का कच्चा चिट्ठा खोल दिया है।
एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल के इनपुट पर सीआईयू रुड़की और सिविल लाइन कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने मार्केट में जाली नोट चलाने जा रहे संदिग्ध को गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से पुलिस को 500-500 रुपये के जाली नोटों की 12 गड्डियां बरामद की है। पुलिस ने आरोपी से सख्ती से पूछताछ की तो कई और अहम जानकारी मिली।
आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने एक घर में छापा मारा तो वहां दो अन्य लोगों को गिरफ्तार किया। वहां से भी पुलिस को 500-500 की जाली नोटों की 10 गड्डियां, 4 मोबाइल फोन, 2 काले रंग के शीशे बडे, 2 काले रंग के शीशे छोटे, 2 बोतल केमिकल और एक प्रिंटर बरामद किया।
बालेश्वर उर्फ बाली पुत्र रघुवीर सिंह निवासी भोटावाली पांवटा साहिब जिला सिरमौर हिमाचल प्रदेश हाल निवासी ग्राम हरीपुर हरबर्टपुर विकासनगर देहरादून
मनीष कुमार पुत्र स्वर्गीय लेखपाल निवासी कुडीनेत वाला रायसी कोतवाली लक्सर
हिमांशु पुत्र पलटूराम निवासी वर्ल्ड बैंक कॉलोनी रूडकी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
इस मामले में 5 अन्य आरोपी फरार बताए गए हैं, पुलिस ने उनकी भी तलाश शुरू कर दी है। हरिद्वार एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल ने बताया कि सीआईयू यूनिट प्रभारी को सूचना मिली थी कि नकली नोट बनाने वाला गिरोह जाली नोटों को मार्केट में चलाने जा रहा है. इस सूचना पर सीआईयू और कोतवाली पुलिस ने मिलकर छापेमारी की है। उन्होंने बताया कि टीम ने इस गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार करते हुए 6 लाख के जाली नोट और उपकरण बरामद किए हैं। गिरोह में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश भी की जा रही है।


